मुर्रा और नीली रावी भैंस: पहचान, अंतर, और सही चयन की पूरी जानकारी
मुर्रा और नीली रावी भैंस की मुख्य पहचान: मुर्रा भैंस और नीली रावी भैंस में काफी समानताएं होती हैं, लेकिन दोनों की अपनी अलग विशेषताएं और पहचान हैं।
1. रंग और शरीर की बनावट
मुर्रा भैंस का रंग गहरा जेट ब्लैक होता है, जो इसे विशेष बनाता है। वहीं, नीली रावी भैंस का रंग उतना गहरा नहीं होता और उसके शरीर पर सफेद धब्बे देखने को मिलते हैं, खासकर माथे, थूथन, पैरों और पूंछ के पास। नीली रावी की आंखें भी नीली होती हैं और उसकी बरौनियां सफेद होती हैं, जो उसकी एक अनोखी पहचान है। वहीं, मुर्रा की आंखें चमकदार होती हैं।
2. सींग का आकार और घुमाव
मुर्रा भैंस की सींग घुमावदार होती हैं और इसमें अधिक छल्ले होते हैं, जबकि नीली रावी की सींग में कम घुमाव होता है और यह अधिक लंबी होती हैं।
3. दुग्ध उत्पादन में अंतर
दूध उत्पादन की बात करें तो मुर्रा भैंस नीली रावी की तुलना में अधिक दूध देती है। मुर्रा भैंस से एक ब्यांत में लगभग 2500 से 3500 लीटर दूध मिल सकता है, जबकि नीली रावी भैंस पहले ब्यांत में लगभग 1800 से 2200 लीटर दूध देती है। हालाँकि, नीली रावी का दूध भी पोषक होता है और अच्छे फैट और एसएनएफ (सॉलिड नॉट फैट) की मात्रा होती है।
4. प्रजनन समय और ब्यांत की अवधि
मुर्रा भैंस की प्रजनन अवधि छोटी होती है और यह जल्दी गर्भधारण कर सकती है। दूसरी ओर, नीली रावी का ब्यांत चक्र लंबा होता है यह प्रजनन में लगभग 1½ से 2 साल का अंतर रखती है।


